देश को आजादी दिलाने के लिए जिन नौजवानों ने अपने जीवन का बलिदान दिया, उनमें से एक चंद्रशेखर आजाद भी हैं।
कौन है चंद्रशेखर आजाद ?
चंद्रशेखर आजाद एक महान भारतीय स्वतंत्रता सेनानी एवं भगत सिंह जी के गुरु भी थे। चंद्रशेखर आजाद जी ने अपने देश को गुलामी की बेडियों से आजादी दिलाने की खातिर अपने प्राणों तक की भी कुर्बानी दे दी। लेकिन आज भी चंद्रशेखर आजाद जी द्वारा कही हुई बातें हमारे साथ हैं और जो आने वाली युवा पीढ़ियां हैं उनका मार्गदर्शन करने में वह जरुर सहायता करेगी। चंद्रशेखर आजाद द्वारा कहे गए देशभक्तीयुक्त नारे, उनके अनमोल वचन देशवाशियों में देशभक्ति की भावना को जाग्रत करते हैं।
युवाओं के मस्तिष्क में देशभक्ति का संचार करने के लिए चंद्रशेखर आजाद जी द्वारा दिए गए वक्तव्य
आइये जानते है उनके द्वारा कहे गए कुछ अनमोल विचार -
1- अगर कोई युवा अपनी मातृभूमि की सेवा नहीं कर सकता तो उसका जीवन केवल व्यर्थ ही है।
2-गिरफ्तार हो कर अदालत में हाथ बांध मुझे बंदरिया का नाच नहीं नाचना है. आठ गोली पिस्तौल में है और आठ का दूसरा मैगजीन है. पंद्रह दुश्मन पर चलाऊंगा और सोलहवी यंहा……यह कहते हुए आजाद अपनी पिस्तौल अपनी कनपटी पर छुआ देते।
3-मेरा नाम "आजाद" , मेरे पिता जी का नाम स्वतंत्रता, और मेरा पता जेल है।
4-जब तक मेरे पास ये बमतले बुखारा (जो कि आजाद जी की Gun का नाम था) है किसने अपनी माँ का दूध पीया है , जो मुझे को जीवित पकड़ सके।
5-मै ऐसे धर्म का अनुसरण करता हूँ जो स्वतंत्रता, समानता और भाईचारा सिखाता है।
नमस्कार, दोस्तों आप को हमारा आज का यह लेख कैसा लगा ? क्या इससे पहले आप चंद्रशेखर आजाद जी के बारे में इन सभी बातों और उनके द्वारा कहे गए इन सभी वक्तव्य के बारे में जानते थे अगर नहीं तो अभिनय जानकर आपको कैसा महसूस हो रहा है Comment Section में अपनी राय जरूर लिखें।